जिला प्रशासन ने मशहूर शायर इमरान प्रतापगढ़ी को दिया एक करोड़ की नोटिस


मुरादाबाद,(स्वतंत्र प्रयाग)पुर्व लोकसभा चुनाव मे लोकसभा सीट मुरादाबाद से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़े मशहूर शायर इमरान प्रतापगढ़ी के खिलाफ जिला प्रशासन ने एक करोड़ चार लाख का नोटिस जारी किया है। हालांकि इसको लेकर इमरान प्रतापगढ़ी के पीए सुशील यति का कहना है कि अभी तक नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है।


जबकि उन्हें मीडिया के माध्यम से प्रशासन की ओर से नोटिस जारी होने की सूचना मिली है। इमरान साहब को यह 7 फरवरी को धारा 144 लागू होने के बाद भी मुरादाबाद ईदगाह स्थित सीएए के विरोध में आयोजित धरने को समर्थन न करके मे अपनी हार की कहानी भी बताई।


धरने की समितियों के ज्ञापन के जारी किया गया। इससे पहले उन्होंने सीएए के विरोध में चल रहे धरना प्रदर्शन के मंच से अपनी हार का दुखड़ा रोया था जिसके बाद धरने को चला रही समितियों को यह बात रास नहीं आई। उनके जाते ही इन समितियों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर कहा कि इस मंच को राजनीति के रंग में नहीं रंगने देेंगे।


यहां किसी भी व्यक्ति को अपनी पार्टी का प्रचार नहीं करने दिया जाएगा और यदि किसी के आने से अव्यवस्था फैलने की आशंका है तो प्रशासन उसे आने से रोक भी सकता है। ईदगाह मैदान में शायर इमरान प्रतापगढ़ी ने कहा कि अच्छा होता कि मुरादाबाद की जनता उन्हें चुनाव में जिता देती तो वह संसद में नारे लगा रहे होते।


उन्होंने कहा कि सीएए लाकर सरकार ने देश के संविधान पर हमला किया है। इसको देश की जनता किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगी। इस मौके पर इमरान ने एक शेर भी अर्ज किया था, ‘मुसल्लसल दुश्मने जां की निगहबानी में रहना है, जहां घड़ियाल रहते हैं उसी पानी में रहना है।’ उन्होंने कहा, ‘जुल्मतों पर चराग भारी है, मेरे सीने की आग भारी है, मोदी जी आपकी हुकूमत पर, एक शाहीन बाग भारी है’।


साथ ही उन्होंने कहा कि कहा देश का संविधान खतरे में है। इस देश का किसान, मजदूर, मुसलमान, आदिवासी व बंजारा समाज की कई जातियां कहां से कागज दिखाएंगी। उन्हाेंने कहा कि अपने हाथ में तिरंगा, बाबा साहब व गांधी की तस्वीर लेकर आंदोलन करें।