कांग्रेस सेवादल की किताब में वीर सावरकर पर गलत टिप्पणी को लेकर, शिवसेना ने जताई नाराजगी


भोपाल (स्वतंत्र प्रयाग): कांग्रेस सेवादल की एक किताब पर बवाल मच गया है। वीर सावरकर पर आधारित इस किताब का शीर्षक है वीर सावरकर कितने वीर। इस किताब की प्रतियों को भोपाल में आयोजित 10 दिवसीय ट्रेनिंग कैंप में वितरित किया गया। किताब में किताब में दावा किया गया है कि नाथूराम गोडसे और वीर सावरकर के बीच समलैंगिक संबंध थे। 


इस किताब को लेकर विभिन्न राज्यों में सियासत गरमा गई है। शिवेसना सांसद संजय राउत ने कहा है कि वीर सावरकर एक महान व्यक्ति थे और एक महान व्यक्ति बने रहेंगे। एक वर्ग उनके खिलाफ बात करता रहता है, यह उनके दिमाग में गंदगी को दिखाता है।


संजय राउत के मुताबिक , 'जो लोग सावरकर जी के बारे में ऐसा बोल रहे हैं उनके दिमाग की जांच की जानी चाहिए, फिर चाहे वो महाराष्ट्र हो या देश का कोई हिस्सा हर कोई सावरकर जी पर गर्व करता है, जो लोग इस तरह की बातें करते हैं, उनका दिमाग गंदगी से भरा है'।



वहीं हिंदू महासभा के अध्यक्ष चक्रपाणि ने इसे बेहूदा बताया और राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए उन्हें होमोसेक्सुअल तक बोल दिया। चक्रपाणि ने इस पर कहा, यह हिंदू महासभा के पूर्व अध्यक्ष सावरकर जी के खिलाफ बिल्कुल बेहूदे आरोप हैं। इसी तरह हमने भी सुना है कि राहुल गांधी होमोसेक्सुअल हैं।


वहीं केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि वे सावरकर को गाली देते हैं क्योंकि उनके आदर्श जिन्ना हैं।बीजेपी की वरिष्ठ नेता उमा भारती ने सावरकर को लेकर सोनिया और राहुल गांधी पर निशाना साधा है। उन्होंने मामले में महाराष्ट्र सीएम उद्धव ठाकरे की चुप्पी पर भी सवाल उठाए।