ईरानी जनरल सुलेमानी पर हुए हमले का फैसला, संभावित युद्ध को रोकने के लिए: ट्रंप



वाशिंगटन (स्वतंत्र प्रयाग)अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार देर रात ईरानी जनरल के खिलाफ कार्रवाई पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जनरल कासिम सुलेमानी को मारने का फैसला ईरान और अमेरिका के बीच संभावित युद्ध रोकने के लिए लिया गया, न कि शुरू करने के लिए। उन्होंने कहा कि अमेरिकी सेना के अचूक हमले से दुनिया के नंबर एक आतंकी जनरल सुलेमानी की मौत हो गई।


इसके साथ ही क्षेत्र में आतंक का राज खत्म हो गया। उन्होंने कहा कि ईरानी जनरल अमेरिकी राजनयिकों और सैन्यकर्मियों पर हमलों की साजिश रच रहा था, लेकिन हमने उसे पकड़ लिया और मार गिराया।



वहीं पर अमेरिका के हमले में ईरानी जनरल के मारे जाने के बाद उत्पन्न स्थिति के मद्देनजर पश्चिम एशिया में अमेरिका तीन हजार और सैनिक भेज रहा है। यह जानकारी रक्षा अधिकारियों ने शुक्रवार शाम को दी है। अधिकारियों ने उस फैसले के बारे में बताया जिसकी पेंटागन से अभी घोषणा होनी बाकी है।


अधिकारियों के अनुसार ये सैनिक उत्तरी कैरोलिना के फोर्ट ब्रैग की 82वीं एयरबोर्न डिवीजन से हैं। ये सैनिक 82वीं एयरबोर्न डिवीजन के उन करीब 700 सैनिकों के अतिरिक्त होंगे जिन्हें ईरान समर्थित मिलिशिया के लोगों और उनके समर्थकों द्वारा बगदाग में अमेरिकी दूतावास पर हमला करने के बाद इस सप्ताह के प्रारंभ में कुवैत में तैनात किया गया था।